कविता
तुम कब आओगे ……
इंतजार तुम्हारा न जाने कबसे
कर रही है आंखे
बस अब कही न जाना
यहीपे रहेना सिर्फ मेरे होके
याद भी हुं मैं तुम्हे या
भुला चुके हो जहाँसे
हर दिन हर पल
तकती है तुम्हे मेरी आंखे
न जाने कब तुम आओगे
जिंदगी का खालीपन
खलता है हर पल पल
थक गयी राह तकते
दिल कहता है
कभी तो आओगे…
अब आओगे..अब आओगे
न जाने तुम कब आओगे ….
रचना © सौ.उल्का कुलकर्णी
दि ०२/०३/२०२३
रात्री १०.५३ वा.